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|---|---|---|---|---|---|---|
bulbul_v3 | Hindi | hi_00 | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़ियाँ पेड़ों पर चहचहाने लगीं। | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़िया पेड़ों पर चहचहाने लगी। | 11.1 | |
indic_speak | Hindi | hi_00 | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़ियाँ पेड़ों पर चहचहाने लगीं। | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़िया पेड़ों पर चहचहाने लगीं। | 5.6 | |
rumik | Hindi | hi_00 | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़ियाँ पेड़ों पर चहचहाने लगीं। | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़िया पेड़ों पर चहचहाने लगी। | 11.1 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_00 | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़ियाँ पेड़ों पर चहचहाने लगीं। | सुबह की ठंडी हवा में बगीचे के फूल धीरे-धीरे खिलने लगे और चिड़िया पेड़ों पर चहचहाने लगी। | 11.1 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_01 | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्ज़ी बनाई है। | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्जी बनाई है। | 6.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_01 | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्ज़ी बनाई है। | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्जी बनाई है। | 6.7 | |
rumik | Hindi | hi_01 | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्ज़ी बनाई है। | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्ज़ी बनाई है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_01 | माँ ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्ज़ी बनाई है। | मां ने आज दोपहर के खाने में दाल, चावल और आलू की सब्जी बनाई है। | 13.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_02 | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | बरसात के दिनों में गांव की गलियां कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | 11.1 | |
indic_speak | Hindi | hi_02 | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_02 | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_02 | बरसात के दिनों में गाँव की गलियाँ कीचड़ से भर जाती हैं, फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | बरसात के दिनों में गांव की गलियां कीचड़ से भर जाती हैं। फिर भी बच्चे खेलना नहीं छोड़ते। | 11.1 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_03 | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_03 | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_03 | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_03 | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियाँ सुनाते हैं। | दादाजी हर शाम छत पर बैठकर पुराने दिनों की कहानियां सुनाते हैं। | 8.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_04 | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज सुनना मन को बहुत शांति देता है। | 6.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_04 | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_04 | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_04 | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | नदी के किनारे बैठकर बहते पानी की आवाज़ सुनना मन को बहुत शांति देता है। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_05 | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_05 | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_05 | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_05 | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | त्योहार के दिन पूरा घर दीयों की रोशनी से जगमगा उठता है। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_06 | किसान ने इस साल अच्छी फ़सल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | किसान ने इस अच्छी फसल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | 13.3 | |
indic_speak | Hindi | hi_06 | किसान ने इस साल अच्छी फ़सल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | किसान ने इस साल अच्छी फसल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | 6.7 | |
rumik | Hindi | hi_06 | किसान ने इस साल अच्छी फ़सल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | किसान ने इस साल अच्छी फसल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | 6.7 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_06 | किसान ने इस साल अच्छी फ़सल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | किसान ने इस साल अच्छी फसल के लिए खेत में समय पर बीज बो दिए। | 6.7 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_07 | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_07 | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_07 | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_07 | मेरी छोटी बहन हर रोज़ अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | मेरी छोटी बहन हर रोज अपनी गुड़िया को नए कपड़े पहनाती है। | 8.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_08 | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना जरूरी है। | 7.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_08 | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_08 | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_08 | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | पहाड़ों पर चढ़ते समय पानी साथ रखना और धीरे-धीरे चलना ज़रूरी है। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_09 | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_09 | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_09 | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_09 | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | आज बाज़ार में ताज़ी सब्ज़ियाँ और मीठे आम बहुत सस्ते मिल रहे थे। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_10 | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूँगफली खाते हैं। | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूंगफली खाते हैं। | 7.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_10 | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूँगफली खाते हैं। | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूंगफली खाते हैं। | 7.7 | |
rumik | Hindi | hi_10 | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूँगफली खाते हैं। | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूंगफली खाते हैं। | 7.7 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_10 | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूँगफली खाते हैं। | सर्दियों की रातों में हम सब आग के पास बैठकर मूंगफली खाते हैं। | 7.7 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_11 | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_11 | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_11 | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_11 | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | गुरुजी ने कहा कि सच्चा ज्ञान दूसरों की सेवा करने से मिलता है। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_12 | पड़ोस की चाची हर त्योहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | पड़ोस की चाची हर त्यौहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | 9.1 | |
indic_speak | Hindi | hi_12 | पड़ोस की चाची हर त्योहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | पड़ोस की चाची हर त्यौहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | 9.1 | |
rumik | Hindi | hi_12 | पड़ोस की चाची हर त्योहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | पड़ोस की चाची हर त्यौहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | 9.1 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_12 | पड़ोस की चाची हर त्योहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | पड़ोस की चाची हर त्यौहार पर हमारे घर मिठाई भेजती हैं। | 9.1 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_13 | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_13 | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_13 | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_13 | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | रात को आसमान में अनगिनत तारे चमक रहे थे और चाँद पूरा था। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_14 | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत सँभालकर रखा है। | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत संभाल कर रखा है। | 18.2 | |
indic_speak | Hindi | hi_14 | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत सँभालकर रखा है। | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत संभाल कर रखा है। | 18.2 | |
rumik | Hindi | hi_14 | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत सँभालकर रखा है। | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत संभाल कर रखा है। | 18.2 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_14 | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत सँभालकर रखा है। | उसने अपने दादा की पुरानी घड़ी को बहुत संभाल कर रखा है। | 18.2 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_15 | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग़ में खेलते थे। | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग में खेलते थे। | 6.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_15 | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग़ में खेलते थे। | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग में खेलते थे। | 6.7 | |
rumik | Hindi | hi_15 | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग़ में खेलते थे। | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग में खेलते थे। | 6.7 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_15 | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गाँव जाकर आम के बाग़ में खेलते थे। | गर्मी की छुट्टियों में हम नानी के गांव जाकर आम के बाग में खेलते थे। | 13.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_16 | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूँजती है। | मंदिर की घंटियों की आवाज सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूंजती है। | 16.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_16 | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूँजती है। | मंदिर की घंटियों की आवाज सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूंजती है। | 16.7 | |
rumik | Hindi | hi_16 | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूँजती है। | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूंजती है। | 8.3 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_16 | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूँजती है। | मंदिर की घंटियों की आवाज़ सुबह-सुबह पूरे मोहल्ले में गूंजती है। | 8.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_17 | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_17 | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_17 | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_17 | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत ज़रूरी है। | अच्छी सेहत के लिए समय पर सोना और सुबह जल्दी उठना बहुत जरूरी है। | 7.1 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_18 | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | बच्चों ने मिलकर आंगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | 8.3 | |
indic_speak | Hindi | hi_18 | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_18 | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_18 | बच्चों ने मिलकर आँगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | बच्चों ने मिलकर आंगन में रंगोली बनाई और उसे फूलों से सजाया। | 8.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_19 | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_19 | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_19 | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_19 | भाई ने वादा किया कि वह अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | भाई ने वादा किया कि वो अगले महीने घर लौटकर सबसे मिलेगा। | 8.3 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_20 | तेज़ आँधी के कारण पेड़ की कई डालियाँ टूटकर सड़क पर गिर गईं। | तेज आंधी के कारण पेड़ की कई डालियां टूटकर सड़क पर गिर गईं। | 23.1 | |
indic_speak | Hindi | hi_20 | तेज़ आँधी के कारण पेड़ की कई डालियाँ टूटकर सड़क पर गिर गईं। | तेज़ आंधी के कारण पेड़ की कई डालियाँ टूटकर सड़क पर गिर गईं। | 7.7 | |
rumik | Hindi | hi_20 | तेज़ आँधी के कारण पेड़ की कई डालियाँ टूटकर सड़क पर गिर गईं। | तेज आंधी के कारण पेड़ की कई डालियां टूटकर सड़क पर गिर गईं। | 23.1 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_20 | तेज़ आँधी के कारण पेड़ की कई डालियाँ टूटकर सड़क पर गिर गईं। | तेज आंधी के कारण पेड़ की कई डालियां टूटकर सड़क पर गिर गईं। | 23.1 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_21 | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_21 | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_21 | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_21 | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | हमारे गाँव के तालाब में सुबह-सुबह कमल के फूल खिलते हैं। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_22 | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफ़ाई कर दी गई। | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफाई कर दी गई। | 7.7 | |
indic_speak | Hindi | hi_22 | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफ़ाई कर दी गई। | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफाई कर दी गई। | 7.7 | |
rumik | Hindi | hi_22 | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफ़ाई कर दी गई। | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफाई कर दी गई। | 7.7 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_22 | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफ़ाई कर दी गई। | मेहमानों के आने से पहले घर की अच्छी तरह सफाई कर दी गई। | 7.7 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_23 | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_23 | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_23 | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_23 | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | पिताजी ने बताया कि मेहनत करने वालों की कभी हार नहीं होती। | 0 | |
bulbul_v3 | Hindi | hi_24 | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | 0 | |
indic_speak | Hindi | hi_24 | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | 0 | |
rumik | Hindi | hi_24 | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | 0 | |
voxcpm2_base | Hindi | hi_24 | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | बारिश थमने के बाद आसमान में सुंदर इंद्रधनुष दिखाई दिया। | 0 |
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